किलो के हिसाब से सेब बेचने के आदेश के खिलाफ आढ़तियों ने किया हड़ताल का ऐलान
किलो के हिसाब से सेब बेचने के सरकार के आदेशों को आढ़तियों ने तालिबानी फरमान करार देते हुए अनिश्चितकालीन हड़ताल का ऐलान कर दिया है। आढ़तियों का कहना है कि किलो के हिसाब से सेब बेचना संभव नहीं है। बागवान संगठन सरकार को गुमराह कर राजनीतिक रोटियां सेंक रहे हैं।
सेब सीजन के बीच बिना नोटिस एकाएक हड़ताल से बागवान संकट में घिर गए हैं। बागवानों को फसल खराब होने का डर सता रहा है। एपीएमसी सचिव और एसडीएम ठियोग ने बुधवार को पराला मंडी के निरीक्षण के दौरान किलो के स्थान पर पेटी के हिसाब से सेब बेच रहे आढ़तियों को चालान और लाइसेंस रद करने की चेतावनी दी।
वही बागवानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने कहा है कि किलो के हिसाब से सेब बेचने का फैसला बागवानों और आढ़तियों से चर्चा के बाद लिया है। यह हिमाचल का नहीं पूरे देश का कानून है। सीजन के दौरान हड़ताल का फैसला नैतिक तौर पर भी सही नहीं है। ब्लैकमेलिंग कर रहे आढ़तियों के खिलाफ सरकार कानूनी कार्रवाई करेगी। बागवान संयम बरतें और अन्य मंडियों में अपना उत्पाद बेच कर तानाशाही करने वालों को जवाब दें। सरकार बागवानों के साथ है।
संयुक्त किसान मंच के संयोजक हरीश चौहान और सह संयोजक संजय चौहान ने कहा है कि गैर कानूनी व्यापार करने की मंशा रखने वाले स्वार्थी लोग हड़ताल कर रह हैं।

